Class-12 General Hindi Pre-Board Exam 2026 New Model paper Pre-Board Exam कक्षा-12 सामान्य हिंदी मॉडल पेपर प्री बोर्ड परीक्षा 2026

Class-12 General Hindi Pre-Board Exam 2026 New Model paper Pre-Board Exam कक्षा-12 सामान्य हिंदी मॉडल पेपर प्री बोर्ड परीक्षा 2026

कक्षा 12 सामान्य हिंदी  मॉडल पेपर 2026, Dear Students – As the academic session 2026 under UPMSP (Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Parishad) approaches, we are pleased to present important updates for Class 12 students.

दोस्तों, यदि आप लोग मॉडल पेपर हल करते हैं, तो यह आपकी परीक्षा की तैयारी में बहुत ही अधिक मददगार साबित होगा। इससे न केवल आपकी तैयारी मजबूत होगी, बल्कि आप UP Board Exam 2026 में अच्छे अंक भी प्राप्त कर सकते हैं। UP Board Exam 2026 की सही और प्रभावी तैयारी के लिए मॉडल पेपर को हल करना बेहद महत्वपूर्ण है। हमारी वेबसाइट पर आपको बोर्ड द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम के आधार पर तैयार किए गए मॉडल पेपर की पीडीएफ मिल जाएगी। ये मॉडल पेपर आपकी परीक्षा की तैयारी को सही दिशा देंगे और आपको परीक्षा के पैटर्न के बारे में भी जानकारी प्रदान करेंगे। आप सभी लोग हमारी वेबसाइट से मॉडल पेपर डाउनलोड कर सकते हैं और अपनी तैयारी को और भी बेहतर बना सकते हैं। इस प्रकार, इन मॉडल पेपर की सहायता से आप अपनी परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं और अच्छे अंक प्राप्त कर सकते हैं।

Class 12 General Hindi Model Question Paper 2026 (UPMSP)

SubjectGeneral Hindi Board UP Board (UPMSP)
Class 12th (Intermediate)Download PDF Click Here

Class 12 General Hindi Model Question Paper 2026 (UPMSP)

समय 3:15 hr.पूर्णांक 100
प्रक्टिकल No पासिंग मार्क 33.33%

   प्री-बोर्ड परीक्षा-2025-26

विषय-सामान्य हिन्दी

कक्षा-12

समय : 3 घण्टे 15 मिनट                                                                         [ पूर्णांक : 100

नोट-    (i)      प्रारम्भ के 15 मिनट परीक्षार्थियों को प्रश्न-पत्र पढ़ने के लिए निर्धारित हैं।

(ii)     यह प्रश्न-पत्र दो खण्डों ‘क’ एवं ‘ख’ में विभाजित है, दोनों खण्डों के सभी प्रश्नों केउत्तर देना अनिवार्य है।

खण्ड

  1. नीचे दिये गये विकल्पों में से सही विकल्प का चयन कीजिए-

(क)     ‘इन्दुमती’ है-              1

(i) प्रथम कहानी                                        (ii) निबन्ध

(iii) प्रथम उपन्यास                                   (iv) इनमें से कोई नहीं

(ख)     ‘अशोक के फूल’ किस विधा की कृति है-                 1

(i) निबन्ध                                              (ii) कविता

(iii) नाटक                                              (iv) एकांकी

(ग)     ‘क्या भूलूँ क्या याद करूं’ रचना की विधा है-          1

(i) डायरी                                               (ii) गद्य गीत

(iii) आत्म कथा                                      (iv) संस्मरण

(घ)     ‘आवारा मसीहा’ के के लेखक हैं-         1

(i) कन्हैयालाल मिश्र ‘प्रभाकर’                    (ii) प्रभाकर मिश्र

(iii) विष्णु प्रभाकर                                  (iv) लक्ष्मी नारायण मिश्र

(ङ)     संस्मरण लेखन का प्रारम्भ किस प्रमुख लेखक ने किया?       1

(i) बालमुकुन्द गुप्त                                     (ii) पद्म सिंह शर्मा

(iii) रामवृक्ष बेनीपुरी                                  (iv) श्रीराम शर्मा

  1. नीचे दिये गये विकल्पों में से सही विकल्प का चयन कीजिए-     1

(क)     प्रयोगवादी कवि हैं-

(i) नागार्जुन                                             (ii) अज्ञेय

(iii) मुक्ति बोध                                        (iv) त्रिलोचन शास्त्री

(ख)     भवानी प्रसाद मिश्र कवि रूप में संग्रहीत हैं-               1

(i) तार सप्तक                                          (ii) दूसरा सप्तक

(iii) तीसरा सप्तक                                     (iv) चौथा सप्तक

(ग)     प्रगतिवादी रचनाकार हैं-               1

(i) रामचरित उपाध्याय                              (ii) शिवमंगल सिंह ‘सुमन’

(iii) महादयी वर्मा                                     (iv) जयशंकर प्रसाद

(घ)     नई कविता से सम्बन्धित पत्रिका है-         1

(i) ज्ञानोदय                                            (ii) कादम्बिनी

(iii) साहित्य सन्देश                                   (iv) कर्मवीर

(ङ)     निम्न में ‘प्रेमाश्रयी शाखा के कवि नहीं हैं-   1

(i) कुतुबन                                              (ii) शेखनबी

(iii) मंझन                                               (iv) कबीरदास

  1. निम्नलिखित गद्यांश पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिए-                     2×5=10

भूमि, भूमि पर बसने वाला जन की संस्कृति, इन तीनों के सम्मिलन से राष्ट्र का स्वरूप बनता है, भूमि का निर्माण देवों ने किया है, वह अनन्त काल से है। उसके भौतिक रूप-सौन्दर्य और समृद्धि के प्रति सचेत होना हमारा आवश्यक कर्तव्य है। भूमि के पार्थिव स्वरूप के प्रति हम जितने अधिक जागरूक होंगे, उतनी ही हमारी राष्ट्रीयता बलवती हो सकेगी। यह पृथ्वी सच्चे अर्थों में समस्त राष्ट्रीय विचारधाराओं की जननी है।

(क) उपर्युक्त गद्यांश का सन्दर्भ लिखिए।

(ख) रेखांकित अंशों की व्याख्या कीजिए।

(ग) पृथ्वी के प्रति हमारा क्या धर्म (कर्त्तव्य) है?

(घ) भूमि का निर्माण किसने किया है?

(ङ) पृथ्वी के बारे में क्या-क्या जानना चाहिए?

अथवा

अशोक का वृक्ष जितना भी मनोहर हो, जितना भी रहस्यमय हो, जितना भी अलंकारमय हो, परन्तु है वह उस विशाल, सामन्त सभ्यता की परिष्कृत रुचि का ही प्रतीक, जो साधारण प्रजा के परिश्रमों पर पली थी, उसके रक्त के संसार कणों को खाकर बड़ी हुई थी और लाखों करोड़ों की उपेक्षा से जो समृद्ध हुई थी। वे सन्तान उखड़ गए, समाज ढह गए और दिनोत्सव की धूमधाम भी मिट गई। सन्तान-कामनियों को गन्धों से अधिक शक्तिशाली देवताओं का वरदान मिलने लगा-पौरों ने, भूत-भैरवों ने, काली दुर्गा ने यक्षों की इज्जत घटा दी। दुनिया अपने रास्ते चली गई, अशोक पीछे छूट गया।

(क) पाठ का शीर्षक और लेखक का नाम लिखिए।

(ख) रेखांकित अंश की व्याख्या कीजिए।

(ग) अशोक का वृक्ष किसका प्रतीक है?

(घ) यक्षों की इज्जत (प्रतिष्ठा) किसने घटा दी?

(ङ) प्रस्तुत गद्यांश के अनुसार सामन्त क्यों उखड़ गए?

  1. पद्यांश पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिए-                     2×5-10

बैठी खिन्नायक दिवस वे गेह में थी अकेली।

आके आँसू दृग-युगल में थे धरा को भिगोते॥

आई धीरे इस सदन में, पुष्प सदगन्ध को ले।

प्रातः वाली खुपवन इसी काल वातायनों से॥

सन्तापों को विपुल बढ़ता देख के दुःखिता हो।

धीरे बोली स-दुःख उससे श्रीमती राधिका यों ॥

प्यारी प्रातः पवन इतना क्यों मुझे है सताती।

क्या तू भी है कलुषित हुई काल की क्रूरता से ॥

(क)     पद्यांश के पाठ व लेखक का नाम लिखिए।

(ख)     रेखांकित अंश की व्याख्या कीजिए।

(ग)     प्रस्तुत पंक्तियों में राधिका किससे बातें कर रही है? और वह कैसी है?

(घ)     प्रातः कालीन सुगन्धित पवन किस मार्ग से राधिका के

(ङ)     राधिका ने दुःखी होकर धीरे-धीरे पवन से क्या कहा ? घर के अन्दर आई ?

अथवा

जल पंजर-गत अब अरे अधीर, अभागे

वे ज्वलित भाव थे स्वयं तुझी में जागे

पर था केवल क्या ज्वलित भाव ही मन में ?

क्या शेष बचा था कुछ न और इस जन में ?

कुछ मूल्य नहीं वात्सल्य मात्र, क्या तेरा ?

पर आज अन्य सा हुआ वत्स भी मेरा।

थूके, मुझ पर त्रैलोक्य भले ही थूके

जो कोई जो कह सके, कहे, क्यों चूके ?

छीने न मातृपद किन्तु भरत का मुझसे,

रे राम, दुहाई करूं और क्या तुझसे ?

(क)     पद्यांश के पाठ और कवि का नाम लिखिए।

(ख)    रेखांकित अंश की व्याख्या कीजिए।

(ग)     प्रस्तुत काव्यांश किस प्रसंग पर आधारित है?

(घ)     कैकेयी अपने मातृपद के सम्बन्ध में श्रीराम से क्या कहती है?

(ङ)     प्रस्तुत पंक्यिों में कवि ने माता की किस मनोदशा का वर्णन किया है?

  1. (क) निम्नलिखित में से किसी एक लेखक का साहित्यिक परिचय देते हुए उनकी प्रमुख रचनाएँ लिखिए – (शब्द सीमा 80 शब्द)     3+2=5

(i) वासुदेव शरण अग्रवाल       (ii) कन्हैयालाल मिश्र ‘प्रभाकर’             (iii) हजारी प्रसाद द्विवेदी

(ख)     निम्नलिखित में से किसी एक कवि का जीवन-परिचय देते हुए उनकी प्रमुख रचनाओं का उल्लेख कीजिए- (शब्द सीमा 80 शब्द)          3+2=5

(i) अयोध्यासिंह उपाध्याय       (ii) मैथिलीशरण गुप्त                        (iii) जयशंकर प्रसाद

  1. ‘बहादुर’ अथवा ‘पंचलाइट’ कहानी के प्रमुख पात्र का चरित्र-चित्रण लिखिए। (शब्द सीमा 80 शब्द)    5

 अथवा

‘बहादुर’ कहानी के ‘नायक’ का चरित्र चित्रण लिखिए।

  1. स्वपठित खण्डकाव्य के ‘नायक’ का चरित्र चित्रण लिखिए (शब्द सीमा 80 शब्द)           5

अथवा,

स्वपठित खण्डकाव्य के ‘चतुर्थ सर्ग’ का सारांश लिखिए।

खण्ड

  1. (क) नीचे दिये गये संस्कृत गद्यांशों में से किसी एक का ससन्दर्भ हिन्दी में अनुवाद कीजिए-         2+5=7

ततः कदाचित् द्वारपाल आगत्य महाराज भोजं प्राह ‘देव, कौपीनावशेषो विद्वान् द्वारि वर्ततेः’ इति ।  राजा ‘प्रवेशय’ इति प्राह। ततः प्रविष्ट सः कविः भोजमालोक्य अद्य मे द्वारिद्वयनाशो भविष्यतीति  मत्वा तुष्टो हर्षा श्रूणिमुमोच। राजा तमालोक्य प्राह के वे कि ‘रोदिषि’ इति । ततः क विराह-राजन।

अथवा

याज्ञवल्क्यो मैत्रेयीमुवाच – मैत्रेयि ! उद्यास्यन् अहं अस्मात् स्थानादस्मि । ततस्तेऽनया कात्यायन्या विच्छेदं करवाणि इति। मैत्रेयी उवाच-य दीपं सर्वां पृथ्वी वित्तेन पूर्णा स्यात् तत किं तेनाहममृता स्यामिति, याज्ञवल्क्य उवाच-नेति।

(ख)     नीचे दिये गये संस्कृत पद्यांशों में से किसी एक का ससन्दर्भ हिन्दी में अनुवाद कीजिए-         2+5=7

विरल विरलाः स्थूलास्ताराः कलाविव सञ्जनाः।

मन इव मुनेः सर्वत्रैव प्रसन्नमभन्नभः ॥

अथवा

भाषासु मुख्या मधुरा दिव्या गीर्वाण भारती,

तस्या हि मधुरं काव्यं तस्मादपि सुभाषितम् ॥

  1. निम्नलिखित मुहावरों और लोकोक्तियों में से किसी एक का अर्थ लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए- 1+1=2

(क) अपनी-अपनी ढपली अपना-अपना राग

(ग) खेत रहना

(ख) अंगूठा दिखाना

(घ) दंग रह जाना

  1. निम्नलिखित गद्यांशों में से किसी एक पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिए-

हरे-भरे खेतों में पके दानों की लहलहाती सुनहरी फसल हवा में फुसफुसाते लम्बे ताड़ के वृक्ष और साल की पत्तियों की बहती हुई मन्द मन्द हवा, कंचन जंघा के उत्तुंग शिखर, सुन्दरवन के घने जंगल, दीघा के सुन्दर रेतीले समुद्र तट और उत्तर बंगाल के हरे-भरे चाय के बागान आँखों में रचे-बसे रहते हैं। प्राकृतिक छटाओं से भरी-पूरी यह धरती युगों से महान लेखकों, कवियों और कलाकारों को प्रेरित करती रही है।

(क) गद्यांश का शीर्षक लिखिए।  1

(ख) बंगाल के हरे-भरे चाय के बागान कैसे प्रतीत होते हैं।          1

(ग) यह धरती युगों से लेखकों, कवियों तथा कलाकारों को क्या प्रेरित करती है?         2

  1. (क) निम्नलिखित शब्द युग्मों का सही अर्थ चयन करके लिखिए-

(अ) अधूत-अवधूत                  1

(i) अछूत और साधू

(ii) भय रहित और योग

(iii) भोगी और योगी

(iv) योगी और भोगी

(ब) कुल-कूल          1

(i) वंश और किनारा

(ii) सब और आवाज

(iii) ध्वनि और शीतल

(ख) निम्नलिखित शब्दों में से किसी एक शब्द के दो अर्थ लिखिए-     1+1-2

(i) गति                          (ii) पयोधर                     (iii) गिरा

(ग) निम्नलिखित वाक्यांशों के लिए एक सही शब्द का चयन करके लिखिए-

(अ) जिसे अपने कर्त्तव्य का बोध न हो-     1

(i) कुशाग्र बुद्धि                                      (ii) कृतज्ञ

(iii) कर्त्तव्यविमूढ़                                    (iv) किंकर्त्तव्यविमूढ़

(ब) कम जानने वाला-     1

(i) अज्ञानी                                              (ii) निरक्षर

(iii) अशिक्षित                                         (iv) अल्पज्ञ

(घ) निम्नलिखित में से किन्हीं दो वाक्यों को शुद्ध करके लिखिए-     1+1=2

(i) सीता गुणवान स्त्री है।

(ii) प्रधानमंत्री ने भाषण दिये।

(iii) मंच पर अनेकों नेता उपस्थित होंगे।

(iv) सौ रुपया प्राप्त हुआ।

  1. (क) ‘करुण’ रस अथवा ‘वीर’ रस का लक्षण सहित एक उदाहरण लिखिए।     2

(ख) ‘सन्देह’ अथवा ‘उत्प्रेक्षा’ अलंकार की परिभाषा देते हुए एक उदाहरण लिखिए।       2

(ग) ‘दोहा’ अथवा ‘सोरठा’ छन्द का लक्षण और एक उदाहरण लिखिए।     2

  1. अपने क्षेत्र में मच्छरों के प्रकोप से डेंगू अथवा मलेरिया फैलने की सम्भावना का वर्णन करते हुए उचित कार्यवाही के लिए नगर स्वास्थ्य अधिकारी को पत्र लिखिए। 2+4=6

अथवा,

किसी बैंक के प्रबन्धक को अपने अध्ययन हेतु अल्प ब्याज में ऋण देने के लिए एक पत्र लिखिए।

  1. निम्नलिखित विषयों में से किसी एक पर अपनी भाषा-शैली में निबन्ध लिखिए –           2+7=9

(क) नई शिक्षा नीति-2020 गुण दोष

(ख) स्वच्छ भारत अभियान

(ग) मेरा प्रिय लेखक

(घ) धरती की रक्षा पर्यावरण सुरक्षा